इंदौर। चार दिनी छठ महापर्व सोमवार से शुरू हो गया। शहर में लगभग 70 स्थानों पर सूर्य उपासना का यह पर्व मनेगा। नहाय, खाय के बाद पर्व की शुरुआत हुई। विजय नगर और बाणगंगा क्षेत्र में मुख्य आयोजन होते है। अस्थाई कुंड बनाकर महिलाएं 36 घंटे का निर्जला व्रत भी इस महापर्व में रखती है। 26 तारीख को मुख्य पर्व मनाया जाएगा।

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घरों की साफ-सफाई के बाद व्रतधारी महिलाएं कद्दू, चने की दाल, चावल आदि से शाकाहारी भोजन बनाकर आज ग्रहण करेंगी और इसके बाद सूर्य उपासना का यह पर्व शुरू हो जाएगा। कल खरना होगा जिसमें गन्ने के रस से बने चावल की खीर के साथ दूध, चावल का पीट्ठा, घी चुपड़ी रोटी का प्रसाद भगवान सूर्य को चढ़ाया जाएगा और 36 घंटे का व्रत शुरू होगा।

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तीसरे दिन अर्थात 26 तारीख को जलकुंड में खड़े होकर महिलाएं सूर्य को अघ्र्य देंगे और 27 तारीख अर्थात आखिरी दिन उगते सूर्य को अघ्र्य देने के साथ महापर्व संपन्न होगा। पूरे शहर में लगभग 70 स्थानों पर छठ महापर्व मनेगा। विजय नगर, बाणगंगा कुंड, स्कीम नं. 78, सुखलिया, पिपलियापाला पार्क, निपानिया, एरोड्रम, सिलीकान सिटी, राऊ, आदि स्थानों पर पर्व की शुरुआत आज हो गई। 

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