राजधानी भोपाल समेत मध्यप्रदेश के ज्यादातर हिस्सों पर ओखी तूफान का असर ऐसा नजर आया कि मौसम खुशनुमां हो गया, फिजाओं में ठंडक का अहसास बढ़ गया। ऐसे में चाय के शौकीन हैं तो चुस्कियों के कई दौर चलते हैं। सुबह पेपर पढऩे से शुरू हुआ ये दौर दोपहर के खाने से पहले तक और फिर शाम के स्नेक्स तक चलता ही है।

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नेचुरापैथिस्ट काकोली कहती हैं कि एक सीमित मात्रा में चाय लेने से यह केवल चुस्की नहीं रहती, बल्कि हेल्थ टॉनिक बन जाती है। लेकिन चाय की चुस्कियां लिमिट से ज्यादा हों तो हानिकारक भी होती हैं।
बोट क्लब के एरिया और मॉल्स में ऐसे कई टी-कैफे हैं जिन्होंने चाय के स्वाद में कई एक्सपेरिमेंट किए हैं। इसके अलावा कई टी लवर्स तो घर पर ही हर्बल टी, लेमन टी, हिबिस्कस टी, ब्लैक टी आदि बनवाकर पी रहे हैं और स्वास्थ्य को बेहतर बना रहे हैं। अगर आपने अब तक चाय के इन फ्लेवर्स को नहीं चखा है, तो इनके फायदे जानकर आप इन्हें जरूर ट्राय करेंगे।

  • ब्लैक टी

ब्लैक टी में पॉलीफेबल्स पाया जाता है। ब्लैक टी न्यूरोलॉजिकल डिसॉर्डर जैसे अल्जमाइजर्स के खतरे से बचाती है। इस मौसम में इसका सेवन ताजगी और सुकून देता है।

  • हिबिस्कस टी

खट्टा स्वाद होने के कारण इसका फ्लेवर कम ही लोग पसंद करते हैं। लेकिन यदि इसमें शहद डालकर पिया जाए तो यह ब्लडप्रेशर को नियंत्रित रखता है और कोलेस्ट्रॉल को बैलेंस बनाए रखता है।

  • लेमन ग्रास टी

लेमन ग्रास से यह चाय तैयार की जाती है। इसमें सिट्रॉल नमक होता है, जो इन दिनों में होने वाले संक्रमण से बचाता है। इससे पेट संबंधी प्रॉब्लम्स दूर होती हैं व पेट भी साफ रहता है।

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  • स्पाइसेस टी

यह नॉर्मल टी होती है, जिस पर टी-स्टॉल कीपर चाय, चीनी, अदरक के साथ मसाला भी डालते हैं। इस मसाले में हाट इंग्रीडियंस का यूज किया जाता है, जो सेहत के लिए फायदेमंद है।
ये भी जानें
* ग्रीन टी में कॉफी की तुलना में कैफीन की मात्रा एक चौथाई होती है। इसलिए नॉर्मल टी के बजाय इसे पीना बेस्ट है।
* एक दिन में दो से तीन चाय ही पर्याप्त हैं। इससे अधिक सेवन शरीर को नुकसान कर सकता है।
* चाय हमेशा घर पर ही बनाकर पीनी चाहिए। मार्केट में बार-बार एक ही चाय से बनने वाली चाय नुकसान करती है।
* एक दिन में 2 से 3 कप से अधिक ग्रीन टी पीने से लीवर प्रभावित हो सकता है।
* ब्लैक और ग्रीन टी में टेनिन आयरन होता है, जो शारीरिक ग्रोथ में प्रभाव डालता है।
* कैफीन के सेवन से अनिद्रा, पेट फूलने जैसी समस्याएं परेशान करती हैं।

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  • एक कप में कैफीन की मात्रा

* ग्रीन टी में 36 एमएल कैफीन
* ब्लैक टी में 60 एमएल कैफीन
* कॉफी में 250 मिलीग्राम कैफीन

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